दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही

दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही
दिल है तो दर्द होगा,दर्द है तो इश्क़ होगा ही ,इश्क़ है तो अश्क़ होंगे , फिर आशिक़ शहीद होंगे ही.

Monday, 27 November 2017

धागे किस्मतो के

धागे किस्मतो के 


 इस कदर ना होते हम तन्हा ना तुम इतने मेहरबान  होते
 तो इस कदर अजीब वाकये ना अपने दरम्यान होते ,
मेरी किस्मत से उलझी है तेरी मेहरबानियो की किरचियाँ  
ये उलझन जिंदगी की सुलझाने में साँसे मेरी रुक जाएँगी , 
जहाँ  से भी शुरू करूं  सुलझाना किस्मत के धागो को 
ये गांठे उलझनों की शायद तेरे कूंचे तक फिर हमे पंहुचायेगी, 
क्यूंकि हर सिरा इनका  तेरे दिल से निकलता तड़पता है मचलता है 
 सिरे का अंत दूर तक तन्हा चलने के बाद फिर मेरे ही दिल में होता है. 
शिखानारी