दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही

दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही
दिल है तो दर्द होगा,दर्द है तो इश्क़ होगा ही ,इश्क़ है तो अश्क़ होंगे , फिर आशिक़ शहीद होंगे ही.

Saturday, 11 March 2017

ख्वाहिशे

ख्वाहिशे 
क्या तुमने कर दिया है धोखा ये क्यों दिया है ?
अपनी चाहते जगा के मेरी मुहब्बते चुराके ,
तुम यूँ  चले गए हो मुझे बेक़रार करके 
 तन्हा मैं सो रही थी चुप चाप रो रही थी ,
 पोछे क्यों मेरे आंसू नई ख्वाहिशे जगा के 
   क्या दे सकोगे सपने मुझे नींद से जगा के
मैं शांत सी भंवर थी मुझको ये क्या खबर थी 
एक आग सी भरी है ना ख्वाहिशे मरी हैं 
कोई कितना भी सम्भाले तूफान रहता आके 
  आ जाओ ये बता दो दुनिया से इस छुपालो 
  मुझे इंसान कर दो ना अब ,ना देवता बना के 
        मेरा दिल भी है धडकता ले जाओ मेरे साजन ,ये धड़कने चुराके 
आईने  मुहब्बते में उनका  ही है सिर्फ चेहरा 
उनके  सिवा सफर में कोई नही था मेरा 
मुझे राजदा बना लो मेरे राज तुम चुरा लो 
 आज इकरारे मुहब्बत कर लो चाहे फिर लौट जाना आके