दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही

दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही
दिल है तो दर्द होगा,दर्द है तो इश्क़ होगा ही ,इश्क़ है तो अश्क़ होंगे , फिर आशिक़ शहीद होंगे ही.

Monday, 12 March 2018

अज़ाब ,अस्क़ाम,आज़र्दाह और ये  आवाज़ह
आजिज़ है दिल अपना  मुहब्बत के रोग से ,
आशुफ़्ता सा देख रहा है मेरा कातिल 
आदिल हूँ ,दीवानावार हूँ ,अब बे रोक टोक के.

शिखानारी