दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही

दिल है तो दर्द होगा दर्द है तो इश्क़ होगा ही इश्क़ है तो अश्क़ होंगे फिर आखिर आशिक़ शहीद होंगे ही
दिल है तो दर्द होगा,दर्द है तो इश्क़ होगा ही ,इश्क़ है तो अश्क़ होंगे , फिर आशिक़ शहीद होंगे ही.

Thursday, 11 January 2018

सपना

सपना 

हाँ वो सपना ही होगा ,इतना प्यारा इतना सीधा 
जीवन भला कहा होगा धीरे से उनका आना ,
उनका हमे देखना फिर हमसे ही आंख चुराना  
हाथो में एक गुलाब और हमारी जुल्फे खुलीं - खुली ,
झिझक- झिझक उनका वो फूल वहाँ  लगा जाना 
ना वादे ना कस्मे ना शब्दों से भी काम लिया 
बस आँखों में आंखे डाली और दिल पे अपना नाम लिखा 
फिर आके सीधे डोली में उनका हमको अपने घर लाना 
न कोई झगड़ा ना मातम बस उनका यूँही
 मुझे पत्थर  को  इंसान बना जाना 
शिखानारी